सड़क
【सड़क】 ___________ एक हाईवे हमें भी पिघलाता है जर्रा जर्रा ... इससे तो बेहतर होता कि हम एक दूसरे से हजारों मील दूर रहते। ऐसे में कम से कम झूठी उम्मीदें तो नहीं पनपतीं, हर बारिश के बाद तुमको देखने की ख्वाहिश तो नहीं होती। ऊपर वाला बड़ा बेरहम स्क्रिप्ट राइटर है। वो जब किरदार रचता है तो मिटटी में बेचैनी गूंथ देता है और मुझ जैसे लोगों को फिर कभी करार नहीं आता.... इस कहानी के किरदार एक दूसरे से 150 किलोमीटर दूर रहते हैं। एक बार तो सोचता हूँ कहानी में किसी यूरोप के शहरों की सेटिंग दे दूँ। वहाँ शहर इतने खूबसूरत होते हैं कि पूछो मत, बरसातों और सर्दियों में खास तौर पर; लेकिन उस सेटिंग में मेरे किरदार नैचुरल नहीं महसूस करेंगे। उनके अहसासों में एक अजनबियत आ जायेगी। यूँ तो मुझे 'वियेना' और 'बर्न' बहुत पसंद है, पर उनकी बात फिर कभी... अपनी कहानी के किरदारों की बात करता हूँ । उन दोनों के शहरों के बीच हर तरह की कनेक्टिविटी है । बसें चलती है, प्राइवेट टैक्सी है, ट्रेन है, और उन्हें जोड़ने वाला हाइवे देश का सबसे खूबसूरत रास्ता माना जाता है। वो रहती है देश के सबसे साफ़-सुथरे सप...